देश के मध्य और उत्तर-मध्य हिस्सों में मानसूनी गतिविधियां एक बार फिर सक्रिय होती दिख रही हैं। मानसून ट्रफ का पश्चिमी सिरा सामान्य स्थिति से उत्तर में बना हुआ है, जबकि पूर्वी सिरा निचले और मध्य क्षोभमंडलीय स्तरों पर अपनी सामान्य स्थिति के आसपास है। झारखंड और आसपास बना निम्न दबाव क्षेत्र अगले 24 घंटों में पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ सकता है। इसके प्रभाव से उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के कई हिस्सों में अगले कुछ दिनों के दौरान बारिश की गतिविधियां तेज रहने की संभावना है। खासकर 27 और 28 अगस्त को मध्य प्रदेश तथा 28 से 30 अगस्त के बीच पूर्वी उत्तर प्रदेश में बारिश का दौर अधिक सक्रिय रह सकता है।
पूर्वी उत्तर प्रदेश में अगले पांच दिनों के दौरान मानसून सक्रिय रहने के संकेत हैं। आजमगढ़, गोरखपुर और वाराणसी जैसे प्रमुख शहरों में बारिश की संभावना बनी हुई है। आजमगढ़ में 27 अगस्त को बारिश की संभावना करीब 84% है, जो 28, 29 और 30 अगस्त को बढ़कर लगभग 91% तक पहुंच सकती है। 31 अगस्त को भी करीब 64% बारिश की संभावना बताई गई है।
गोरखपुर में 27 अगस्त को बारिश की संभावना करीब 73% है। इसके बाद 28 अगस्त को यह बढ़कर 94%, 29 अगस्त को 91% और 30 अगस्त को करीब 89% तक पहुंच सकती है। इस दौरान बादल, बारिश और कुछ स्थानों पर गरज-चमक की स्थिति बन सकती है।
वहीं वाराणसी में 27 अगस्त को बारिश की संभावना करीब 58% है, जो आने वाले दिनों में बढ़ने के संकेत हैं और 29 अगस्त को लगभग 91% तक पहुंच सकती है। ऐसे में पूर्वी यूपी में 28 से 30 अगस्त बारिश के लिहाज से सबसे सक्रिय अवधि रह सकती है।
पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 26 अगस्त को अत्यधिक भारी बारिश की संभावना जताई गई है। इसके बाद 27 और 28 अगस्त को भारी बारिश, जबकि 29 अगस्त को मध्यम बारिश का दौर रह सकता है। 30 अगस्त को बारिश की तीव्रता मध्यम से हल्की रहने की संभावना है। इसके बाद 31 अगस्त से मौसम में अपेक्षाकृत सुधार और बारिश की गतिविधियों में कमी के संकेत हैं। लगातार बारिश वाले क्षेत्रों में जलभराव, निचले इलाकों में पानी भरने और खेतों में अतिरिक्त नमी जैसी स्थितियां बन सकती हैं। किसानों को फसलों में पानी निकासी की व्यवस्था पर विशेष ध्यान देना चाहिए।
मध्य प्रदेश में मानसून की गतिविधि 27 और 28 अगस्त को सबसे अधिक सक्रिय रहने की संभावना है। पश्चिमी मध्य प्रदेश में 27 अगस्त को भारी बारिश के संकेत हैं। 28 अगस्त को भी पश्चिमी हिस्सों में गरज-चमक और बारिश का दौर जारी रह सकता है। 29 और 30 अगस्त को भी कई स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश संभव है।
भोपाल में 27 अगस्त को बारिश की संभावना करीब 99% और 28 अगस्त को 98% है। ऐसे में कुछ स्थानों पर भारी बारिश के साथ जलभराव की स्थिति बन सकती है। 29 अगस्त को बारिश की संभावना घटकर करीब 55% और 30–31 अगस्त को लगभग 25% रह सकती है।
इंदौर में 27 अगस्त को बारिश की संभावना करीब 55%, जबकि 28 अगस्त को यह बढ़कर लगभग 94% हो सकती है। इसके बाद बादल छाए रहने और हल्की बारिश की संभावना बनी रह सकती है।
पूर्वी मध्य प्रदेश में भी बारिश के आसार:
पूर्वी मध्य प्रदेश में भी 27 से 30 अगस्त के बीच बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां बनी रहने की संभावना है। होशंगाबाद में 27 अगस्त को बारिश की संभावना करीब 99% और 28 अगस्त को 98% है, इसलिए इन दिनों भारी बारिश की स्थिति में विशेष सावधानी जरूरी हो सकती है। ग्वालियर में 27 अगस्त को बारिश की संभावना करीब 87% है। हालांकि इसके बाद बारिश की गतिविधि अपेक्षाकृत कमजोर पड़ सकती है और 30 अगस्त तक मौसम में काफी हद तक राहत के संकेत हैं।
31 अगस्त और 1 सितंबर को बारिश की रफ्तार हो सकती है कम:
मध्य प्रदेश में 31 अगस्त और 1 सितंबर को अधिकांश क्षेत्रों में छिटपुट हल्की से मध्यम बारिश और बादल छाए रहने की संभावना है। यानी 27–30 अगस्त की सक्रिय अवधि के बाद प्रदेश के कई हिस्सों में मानसूनी गतिविधि धीरे-धीरे कमजोर पड़ सकती है।
किसानों के लिए क्या है अहम?
अगले कुछ दिनों में उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश का सक्रिय दौर रहने के कारण किसान खेतों में जल निकासी की व्यवस्था सुनिश्चित करें। जहां भारी बारिश की संभावना है, वहां सिंचाई फिलहाल टालना बेहतर हो सकता है। खेतों में पानी लंबे समय तक जमा रहने से फसलों की जड़ों में ऑक्सीजन की कमी और रोगों का खतरा बढ़ सकता है। मौसम में गरज-चमक के दौरान खुले खेतों में काम करने से भी बचना चाहिए।
कुल मिलाकर, 26 अगस्त से पश्चिमी यूपी में बारिश सक्रिय रहेगी, जबकि पूर्वी यूपी में 28–30 अगस्त और मध्य प्रदेश में 27–30 अगस्त महत्वपूर्ण बारिश वाले दिन हो सकते हैं। इसके बाद 31 अगस्त से दोनों राज्यों के कई हिस्सों में बारिश की तीव्रता कम होने के संकेत मिल रहे हैं।
FAQs:
1. उत्तर प्रदेश में बारिश कब ज्यादा सक्रिय रहेगी?
पूर्वी उत्तर प्रदेश में 28 से 30 अगस्त के बीच बारिश की गतिविधियां ज्यादा सक्रिय रहने की संभावना है, जबकि पश्चिमी यूपी में 26 से 28 अगस्त के बीच बारिश तेज रह सकती है।
2. मध्य प्रदेश में भारी बारिश कब हो सकती है?
मध्य प्रदेश में 27 और 28 अगस्त को मानसून ज्यादा सक्रिय रहने की संभावना है। पश्चिमी और पूर्वी दोनों हिस्सों में कई स्थानों पर बारिश और गरज-चमक हो सकती है।
3. आजमगढ़ में 28 अगस्त को बारिश की संभावना कितनी है?
आजमगढ़ में 28 अगस्त को बारिश की संभावना करीब 91% रहने का अनुमान है।
4. क्या बारिश से किसानों की फसलों को नुकसान हो सकता है?
लगातार भारी बारिश से खेतों में जलभराव होने पर फसलों की जड़ों में ऑक्सीजन की कमी और रोगों का खतरा बढ़ सकता है। इसलिए जल निकासी की उचित व्यवस्था जरूरी है।
5. 31 अगस्त के बाद मौसम कैसा रह सकता है?
31 अगस्त से कई क्षेत्रों में बारिश की तीव्रता कम होने के संकेत हैं। मध्य प्रदेश में 31 अगस्त और 1 सितंबर को छिटपुट हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है।