किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य सुनिश्चित करने के उद्देश्य से राज्य सरकार हर वर्ष समर्थन मूल्य (MSP) पर गेहूं खरीदी करती है। वर्ष 2026 में गेहूं खरीदी के लिए किसानों का पंजीकरण 7 फरवरी से 7 मार्च 2026 तक किया जाएगा। इस पूरी प्रक्रिया का उद्देश्य यह है कि किसान अपनी उपज को न्यूनतम समर्थन मूल्य पर सुरक्षित रूप से बेच सकें।
किसान एमपी किसान ऐप, ई-उपार्जन पोर्टल या ई-उपार्जन मोबाइल ऐप के माध्यम से ऑनलाइन पंजीकरण कर सकते हैं। इसके अलावा, रीवा जिले सहित राज्य के सभी प्रस्तावित गेहूं खरीदी केंद्रों पर भी पंजीकरण की सुविधा उपलब्ध रहेगी।
जिला आपूर्ति नियंत्रक कमलेश ताण्डेकर के अनुसार, केवल पंजीकृत किसानों से ही MSP पर गेहूं खरीदा जाएगा। इसलिए सभी पात्र किसानों को समय रहते पंजीकरण कराना अनिवार्य है।
किसानों के लिए पंजीकरण की नि:शुल्क सुविधा उनके स्वयं के मोबाइल, कंप्यूटर, खरीदी केंद्र या ग्राम पंचायत कार्यालय में उपलब्ध है। इसके अतिरिक्त, एमपी ऑनलाइन कियोस्क, कॉमन सर्विस सेंटर (CSC), लोक सेवा केंद्र और साइबर कैफे के माध्यम से भी पंजीकरण कराया जा सकता है, जहां 50 रुपये शुल्क निर्धारित है।
गेहूं MSP पंजीकरण के समय किसान को निम्न जानकारी देनी होगी:
सरकार द्वारा भुगतान सीधे ऑनलाइन DBT के माध्यम से किसान के बैंक खाते में किया जाएगा।
बटाईदार एवं सिकमी किसानों के लिए भी MSP पंजीकरण की सुविधा उपलब्ध है। हालांकि, इसके लिए यह अनिवार्य है कि भूमि स्वामी किसान और सिकमी किसान के बीच 2 फरवरी 2026 से पहले वैधानिक अनुबंध किया गया हो। बिना अनुबंध के सिकमी किसान को MSP का लाभ नहीं मिलेगा।
किसानों को सलाह दी जाती है कि वे समय रहते पंजीकरण कराएं और अधिक जानकारी के लिए Khetivyapar जैसे भरोसेमंद कृषि प्लेटफॉर्म से जुड़े रहें।
FAQs:
Q1. गेहूं MSP पंजीकरण की अंतिम तारीख क्या है?
7 मार्च 2026 पंजीकरण की अंतिम तिथि है।
Q2. क्या बिना पंजीकरण गेहूं बेच सकते हैं?
नहीं, MSP पर गेहूं बेचने के लिए पंजीकरण अनिवार्य है।
Q3. पंजीकरण के लिए कितना शुल्क लगेगा?
स्वयं करने पर नि:शुल्क, CSC/साइबर कैफे पर 50 रुपये।
Q4. सिकमी किसान MSP का लाभ कैसे ले सकते हैं?
भूमि स्वामी के साथ 2 फरवरी 2026 से पहले वैधानिक अनुबंध जरूरी है।
Q5. MSP भुगतान कैसे किया जाएगा?
भुगतान सीधे किसान के आधार-लिंक बैंक खाते में ऑनलाइन किया जाएगा।