राज्य सरकार ने ₹2 लाख तक के फसल और कृषि ऋण से जुड़े सभी कानूनी दस्तावेजों पर स्टांप ड्यूटी पूरी तरह माफ करने का निर्णय लिया है। महाराष्ट्र सरकार ने कहा कि इस फैसले से किसानों पर वित्तीय बोझ कम होगा और फसल ऋण की प्रक्रिया पहले से अधिक सरल और सुगम हो सकेगी।
राजस्व मंत्री श्री चंद्रशेखर बावनकुले ने जानकारी देते हुए बताया कि यह छूट 1 जनवरी से पूरे राज्य में लागू कर दी गई है। यह निर्णय किसानों को आसानी से ऋण उपलब्ध कराने और कृषि निवेश को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से लिया गया है।
राजस्व मंत्री ने कहा कि यह निर्णय मुख्यमंत्री श्री देवेंद्र फडणवीस की किसान-हितैषी और दूरदर्शी सोच का परिणाम है। स्टांप ड्यूटी समाप्त होने से किसानों की ऋण संबंधी लागत में सीधी बचत होगी। बचाई गई राशि का उपयोग किसान बीज, खाद, आधुनिक कृषि तकनीक और अन्य आवश्यक कृषि संसाधनों में कर सकेंगे, जिससे उत्पादन और उत्पादकता दोनों में वृद्धि होगी।
उन्होंने बताया कि पहले फसल ऋण पर प्रति ₹1 लाख पर 0.3 प्रतिशत की दर से स्टांप शुल्क देना पड़ता था। इस हिसाब से ₹2 लाख के ऋण पर किसानों को लगभग ₹600 स्टांप शुल्क चुकाना होता था। अब पूरी तरह स्टांप ड्यूटी माफ होने से किसानों के लिए ऋण लेना सस्ता हो जाएगा और अतिरिक्त खर्च से राहत मिलेगी।
राजस्व एवं वन विभाग द्वारा 1 जनवरी को जारी सरकारी गजट अधिसूचना के अनुसार, ₹2 लाख तक के ऋण से जुड़े सभी आवश्यक कानूनी दस्तावेजों पर स्टांप ड्यूटी नहीं लगेगी। इनमें टाइटल डीड (स्वामित्व विलेख), जमा पत्र, बंधक और गिरवी पत्र, गारंटी पत्र, बंधक विलेख और ऋण समझौते जैसे सभी महत्वपूर्ण दस्तावेज शामिल हैं।
यह निर्णय राज्यभर में लागू होगा और सभी राष्ट्रीयकृत बैंक, सहकारी बैंक, सहकारी संस्थाएं और अन्य ऋण एजेंसियों पर बाध्यकारी रहेगा। सरकार को उम्मीद है कि इस फैसले से किसानों के लिए फसल ऋण प्रक्रिया अधिक सरल, पारदर्शी और तेज होगी।
कृषि क्षेत्र और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मिलेगा बल: सरकार का मानना है कि यह किसान-हितैषी पहल कृषि क्षेत्र को मजबूती देने के साथ-साथ किसानों की आय बढ़ाने और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को गति देने में अहम भूमिका निभाएगी। महाराष्ट्र सरकार का यह कदम किसानों के सशक्तिकरण और समृद्धि की दिशा में एक महत्वपूर्ण और दूरगामी निर्णय माना जा रहा है।
FAQs:
Q1. स्टांप ड्यूटी माफी किस राज्य में लागू हुई है?
यह माफी महाराष्ट्र राज्य में लागू की गई है।
Q2. कितनी राशि तक के फसल ऋण पर छूट मिलेगी?
₹2 लाख तक के फसल और कृषि ऋण पर स्टांप ड्यूटी माफ होगी।
Q3. यह छूट कब से लागू है?
यह निर्णय 1 जनवरी से प्रभावी हो चुका है।
Q4. किन बैंकों पर यह नियम लागू होगा?
राष्ट्रीयकृत बैंक, सहकारी बैंक और अन्य ऋण एजेंसियों पर यह अनिवार्य है।
Q5. किसानों को इसका सबसे बड़ा फायदा क्या होगा?
ऋण सस्ता होगा, अतिरिक्त खर्च बचेगा और कृषि निवेश बढ़ेगा।