देशभर में मौसम ने एक बार फिर करवट ले ली है और कई राज्यों में इसका असर साफ तौर पर दिखाई दे रहा है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार, सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ और चक्रवाती परिसंचरण के चलते उत्तर, मध्य और पूर्वी भारत में मौसम अस्थिर बना हुआ है। अगले कुछ दिनों तक कई इलाकों में आंधी, बारिश, बिजली गिरने और तेज हवाओं का दौर जारी रहने की संभावना है।
मौसम विभाग के अनुसार, सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ और चक्रवाती परिसंचरण के कारण मौसम का मिजाज बदला हुआ है। 20 मार्च तक उत्तर-पश्चिम भारत और पश्चिमी हिमालयी क्षेत्रों में गरज-चमक, बिजली और तेज हवाओं के साथ बारिश जारी रहने की संभावना है। जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब, हरियाणा, पश्चिम उत्तर प्रदेश और राजस्थान में ओलावृष्टि का खतरा बना हुआ है। वहीं, मध्य और पूर्वी भारत में 22 मार्च तक आंधी-तूफान और तेज हवाओं के साथ बारिश होने के आसार हैं। इस दौरान कई क्षेत्रों में 50 से 90 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं।
IMD के अनुसार, दिल्ली-एनसीआर में 20 मार्च को आसमान में बादल छाए रहेंगे और दिनभर अलग-अलग समय पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। इस दौरान 30 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और गरज-चमक की भी संभावना है। तापमान की बात करें तो अधिकतम तापमान 25 से 27 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 15 से 17 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है, जो सामान्य से कम रहेगा। 21 मार्च से मौसम साफ होने लगेगा और 22 मार्च तक आंशिक बादल बने रह सकते हैं।
उत्तर प्रदेश में मौसम ने अचानक करवट ले ली है, जिससे गर्मी से राहत महसूस की जा रही है। बीते 24 घंटों के दौरान राज्य के कई जिलों लखनऊ में आज का मौसम, बरेली, बिजनौर, मुजफ्फरनगर, मेरठ और कानपुर में बारिश दर्ज की गई है। वहीं, कानपुर और वाराणसी में मध्यम बारिश हुई। बादलों की लगातार आवाजाही के कारण तापमान में गिरावट आई है और गर्मी का असर काफी हद तक कम हो गया है।
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने प्रदेश के करीब 70 जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया है। इसके साथ ही कई स्थानों पर आंधी और ओलावृष्टि की भी चेतावनी दी गई है। मौसम विभाग के अनुसार, इन इलाकों में 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। राजधानी लखनऊ में आज अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 3 डिग्री अधिक है।
कब मिलेगा राहत, आगे का पूर्वानुमान:
मौसम विभाग के मुताबिक, 20 मार्च के बाद उत्तर भारत के पहाड़ी इलाकों में बारिश और बर्फबारी की गतिविधियां धीरे-धीरे कम होंगी। हालांकि, 22 मार्च के आसपास एक नया पश्चिमी विक्षोभ फिर से असर डाल सकता है।
पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, उत्तर प्रदेश और राजस्थान में 21 मार्च से मौसम साफ होने लगेगा और तापमान में बढ़ोतरी होगी। वहीं, पूर्वी भारत में 21 मार्च तक खराब मौसम जारी रहने के बाद सुधार देखने को मिलेगा। मध्य भारत में अगले 2 से 3 दिनों तक मौसम खराब रहने के बाद स्थिति सामान्य हो जाएगी। दक्षिण भारत में 23 मार्च तक रुक-रुक कर बारिश जारी रह सकती है, जबकि पश्चिमी भारत में 21 मार्च के बाद मौसम साफ होने और तापमान बढ़ने के संकेत हैं।
FAQs:
Q1: उत्तर भारत में आंधी-तूफान कब तक रहेंगे?
A1: IMD के अनुसार 22 मार्च तक उत्तर भारत में तेज हवाओं और आंधी-तूफान की संभावना बनी रहेगी।
Q2: दिल्ली-NCR में बारिश का समय क्या रहेगा?
A2: 20 मार्च को दिनभर हल्की से मध्यम बारिश और तेज हवाओं का असर रहेगा।
Q3: यूपी में कितने जिलों में अलर्ट जारी किया गया है?
A3: उत्तर प्रदेश के करीब 70 जिलों में मौसम विभाग ने बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट जारी किया है।
Q4: ओलावृष्टि के दौरान किसान क्या सावधानी बरतें?
A4: ओलावृष्टि से फसलों को बचाने के लिए खेत में सुरक्षा जाल और ढांचे मजबूत करें।
Q5: मौसम में बदलाव के बाद राहत कब मिलेगी?
A5: 21 मार्च से उत्तर भारत में मौसम धीरे-धीरे साफ होगा और तापमान सामान्य रहेगा।